Holi 2026: होली पर बरसेगी मां लक्ष्मी की असीम कृपा — जानें बरकत के लिए सरल और सिद्ध उपाय :
- Bhavika Rajguru

- Feb 23
- 4 min read
होली केवल रंगों का पर्व नहीं, बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा, साधना और सकारात्मक परिवर्तन का विशेष अवसर है। तंत्र और शास्त्रों में होली की रात को “सिद्ध रात्रि” कहा गया है। इस दिन किए गए उपायों का फल शीघ्र प्राप्त होता है।
पुष्कर की लाल-किताब ज्योतिर्विद भाविका राजगुरु के अनुसार, वर्ष 2026 की होली विशेष संयोग लेकर आ रही है, जो धन, व्यापार, विवाह और नौकरी से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए अत्यंत प्रभावशाली मानी जा रही है।
होली 2026 विशेष ज्योतिषीय संयोग लेकर आ रही है। पंचांग और पारंपरिक मान्यताओं के अनुसार इस वर्ष होलिका दहन के समय भद्रा का विचार करना आवश्यक है।
पुष्कर की लाल-किताब ज्योतिर्विद भाविका राजगुरु के अनुसार, होलिका दहन भद्रा मुख में नहीं करना चाहिए। आइए जानते हैं संपूर्ण विवरण:

🔥 होलिका दहन 2026 – मुख्य जानकारी :
📅 होलिका दहन की तिथि :
2 मार्च 2026 (सोमवार)
🕰 शुभ मुहूर्त
शाम 06:51 बजे से रात 09:18 बजे तक
यह समय होलिका दहन के लिए शास्त्रसम्मत और शुभ माना गया है।
🪔 भद्रा काल का विशेष ध्यान :
ज्योतिर्विद भाविका राजगुरु के अनुसार:
2 मार्च को शाम 6:22 बजे से 8:53 बजे तक प्रदोष काल रहेगा।
इस दौरान भद्रा भी रहेगी, लेकिन भद्रा मुख नहीं होगा।
इसलिए 2 मार्च को ही होलिका दहन करना दोषमुक्त और शुभ रहेगा।
❗ भद्रा मुख का समय
2 मार्च मध्यरात्रि 2:38 बजे से
3 मार्च सुबह 4:34 बजे तक
👉 शास्त्रों में भद्रा मुख में होलिका दहन वर्जित बताया गया है।👉 यदि भद्रा मध्यरात्रि तक रहे तो भद्रा पूंछ में दहन किया जा सकता है।
धर्मग्रंथ धर्मसिन्धु में भी इस मान्यता का समर्थन किया गया है।
🎨 रंगों वाली होली (धुलेंडी) 2026 :
4 मार्च 2026 (बुधवार)
🌑 विशेष नोट: चंद्र ग्रहण
3 मार्च 2026 को चंद्र ग्रहण होने के कारण रंगों की होली 3 मार्च के स्थान पर 4 मार्च को मनाना अधिक उचित माना गया है।
🌕 पूर्णिमा तिथि
प्रारंभ: 2 मार्च शाम 05:55 बजे
समाप्ति: 3 मार्च शाम 05:07 बजे
पूर्णिमा तिथि में होलिका दहन का विशेष महत्व होता है।
🌿 होलाष्टक 2026
प्रारंभ: 22 फरवरी 2026
समाप्ति: 2 मार्च 2026
होलाष्टक के दौरान मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं।
पुष्कर की लाल-किताब ज्योतिर्विद भाविका राजगुरु के अनुसार, यदि श्रद्धा और सही विधि से होली के उपाय किए जाएं तो दरिद्रता, रोग, विवाह बाधा, नौकरी समस्या, व्यापार रुकावट और ग्रह दोष जैसी समस्याओं से राहत मिल सकती है।
⚠️ सभी उपाय पारंपरिक मान्यताओं पर आधारित हैं। इन्हें सकारात्मक भावना से करें।
🔥 दरिद्रता नाश के लिए उपाय :
1️⃣ सात कौड़ियां और शंख प्रयोग
पूर्व दिशा की ओर मुख करके आसन लगाएं।
मसूर दाल की ढेरी पर 7 अभिमंत्रित कौड़ियां और एक छोटा शंख रखें।
मूंगे या तुलसी माला से “ॐ गं गणपतये नमः” का 1 माला जप करें।
सामग्री को निर्जन स्थान में दबा दें।
👉 मान्यता है कि इससे दरिद्रता दूर होती है।
2️⃣ कमलगट्टा माला धन मंत्र
होलिका दहन के बाद घर आकर एकांत में बैठें।
कमलगट्टा माला से 5 या 11 माला “ॐ नमो धनदाय स्वाहा” मंत्र का जप करें।👉 धन वृद्धि के योग बनते हैं।
🛍 व्यापार वृद्धि के उपाय
3️⃣ एकाक्षी नारियल प्रयोग
लाल कपड़े में लपेटकर गेहूं के ढेर पर रखें।
सिंदूर तिलक करें।
21 माला “ऊं श्रीं श्रीं श्रीं परम सिद्धि व्यापार वृद्धि नमः” जप करें।
दुकान में टांग दें।
4️⃣ काली हल्दी और गोमती चक्र उपाय
पीले कपड़े में काली हल्दी, 11 गोमती चक्र, चांदी का सिक्का बांधें।
11 परिक्रमा करें।
108 बार “ॐ महालक्ष्म्यै नमः” जप कर अग्नि में अर्पित करें।
👉 व्यापार में वृद्धि के संकेत मिलते हैं।
5️⃣ 21 गोमती चक्र शिवलिंग पर अर्पित करें
👉 व्यापार लाभ के लिए शुभ माना जाता है।
💼 नौकरी और इंटरव्यू सफलता
6️⃣ 8 नींबू उपाय
8 नींबू 21 बार उतारकर होलिका में डालें।
8 परिक्रमा करें।
7️⃣ इंटरव्यू सफलता मंत्र
“ॐ वक्रतुण्डाय हुं” का 11 माला जप करें।
गणेश पूजन व दूध से अभिषेक करें।
👉 नौकरी की बाधाएं दूर होती हैं।
🧿 शत्रु नाश और स्वास्थ्य
8️⃣ कनेर पुष्प और गुग्गल उपाय
11 कनेर पुष्प, 11 गुग्गल गोलियां लें।
“ॐ ह्लीं हुं फट्” मंत्र जपते हुए अग्नि में अर्पित करें।
👉 शत्रु बाधा व स्वास्थ्य लाभ हेतु।
🏠 नकारात्मक ऊर्जा समाप्त
9️⃣ होलिका अग्नि घर लाएं
थोड़ी अग्नि आग्नेय कोण में रखें।
सरसों तेल दीपक जलाएं।
👉 नकारात्मक ऊर्जा समाप्त मानी जाती है।
💍 शीघ्र विवाह उपाय
🔟 पान-सुपारी-हल्दी प्रयोग
शिवलिंग पर अर्पित करें।
पीछे मुड़कर न देखें।
अगले दिन दोहराएं।
👉 विवाह योग बनने लगते हैं।
💑 वैवाहिक सुख
घर के बीच स्थान पर कामदेव पूजन करें।👉 दांपत्य जीवन सुखमय रहता है।
🧴 रोग मुक्ति उपाय
पान, गुलाब, बताशा 31 बार उतारकर चौराहे पर रखें।
राख मरीज के स्थान पर छिड़कें।
👉 लंबे रोग में राहत की मान्यता।
💰 धन और कर्ज मुक्ति
नारियल अग्नि में अर्पित करें (नौकरी बाधा दूर)।
जौ-आटा अग्नि में चढ़ाएं (गृह क्लेश समाप्त)।
राख लाल रुमाल में बांधकर धन स्थान पर रखें (व्यर्थ खर्च रुके)।
उधार वापसी हेतु नाम लिखकर हरा गुलाल छिड़कें।
🌙 मध्यरात्रि विशेष उपाय
रात 12 बजे पीपल वृक्ष के नीचे घी दीपक।
7 परिक्रमा।
👉 बाधा निवारण हेतु शुभ।
🪔 त्रिपुण्ड लगाने का महत्व
होलिका दहन की राख से माथे पर बाएं से दाएं तीन रेखाएं लगाएं।
इसे त्रिपुण्ड कहा जाता है।👉 मान्यता है कि इससे भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है और आज्ञा चक्र सक्रिय होता है।
🐄 रिश्तों में मजबूती
पति-पत्नी मिलकर गाय को गुलाल अर्पित करें।गुड़-रोटी खिलाएं।
👉 प्रेम संबंध मजबूत होते हैं।
🌺 आर्थिक समस्या दूर करने के गुलाल उपाय
✔ मुख्य द्वार पर थोड़ा गुलाल डालें।✔ दो मुखी दीपक जलाएं।
👉 आय वृद्धि के संकेत।
🏡 सुख-समृद्धि हेतु
✔ पीला गुलाल घोलकर मुख्य द्वार पर छिड़कें।👉 धन लाभ और सकारात्मक ऊर्जा।
होली 2026 आध्यात्मिक दृष्टि से अत्यंत शक्तिशाली मानी जा रही है।यदि श्रद्धा, विश्वास और विधि-विधान से ये उपाय किए जाएं तो:
✔ आर्थिक तंगी दूर हो सकती है✔ व्यापार में वृद्धि संभव✔ विवाह के योग बन सकते हैं✔ शत्रु बाधा दूर✔ घर में सुख-समृद्धि
पुष्कर की लाल-किताब ज्योतिर्विद भाविका राजगुरु के अनुसार, होली की सिद्ध रात्रि में किया गया छोटा सा उपाय भी जीवन में बड़ा परिवर्तन ला सकता है।


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