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नौतपा 2026 : 25 मई से 2 जून तक सूर्य बरसाएंगे अग्नि, जानिए नौतपा के नियम, उपाय और ज्योतिषीय रहस्य :
वर्ष 2026 में 25 मई से शुरू होने वाला नौतपा सूर्य के रोहिणी नक्षत्र में प्रवेश के कारण अत्यंत प्रभावशाली माना जा रहा है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार यह समय सूर्य ऊर्जा, आत्मबल, स्वास्थ्य और सकारात्मक परिवर्तन का विशेष काल होता है। Nautapa 2026 begins on 25 May with the Sun entering Rohini Nakshatra. In Vedic astrology, this period is considered highly powerful for solar energy, confidence, health, and spiritual positivity.


19 अप्रैल 2026: जब हर शुभ कार्य देगा “अक्षय” फल और समृद्धि :
19 अप्रैल 2026 को मनाई जाने वाली अक्षय तृतीया वर्ष का सबसे शुभ दिन माना जाता है। इस दिन किए गए दान, निवेश और पूजा का फल अक्षय होता है और जीवन में धन, सफलता और सौभाग्य लाता है।


वैशाख अमावस्या 2026: पितृ तर्पण, स्नान और दान का महापुण्य दिन
17 अप्रैल 2026 को पड़ने वाली वैशाख अमावस्या पितृ तर्पण, स्नान और दान के लिए अत्यंत शुभ मानी जाती है। इस दिन किए गए धार्मिक कार्य अक्षय फल प्रदान करते हैं और पितृ दोष से मुक्ति दिलाते हैं। Vaishakh Amavasya on 17 April 2026 is highly auspicious for Pitru Tarpan, holy bath, and charity. Rituals performed on this day bring eternal blessings and help reduce ancestral dosha.


🌼 बसंत पंचमी 2026: राशि अनुसार विशेष उपाय :
बसंत पंचमी 2026 के पावन दिन माँ सरस्वती की कृपा प्रत्येक राशि पर अलग-अलग फल प्रदान करती है। यदि इस दिन राशि अनुसार सरल लाल किताब उपाय किए जाएँ, तो विद्या, बुद्धि, स्मरण शक्ति, करियर और रचनात्मक क्षमता में उल्लेखनीय सुधार देखा जाता है।


सर्वपितृ अमावस्या 2025 : पितरों की तृप्ति और श्राद्ध का महापर्व :
सर्वपितृ अमावस्या 21 सितंबर 2025 को मनाई जाएगी। यह पितरों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का विशेष दिन है, जिसमें श्राद्ध, तर्पण और दान से पूर्वजों की आत्मा को शांति व आशीर्वाद प्राप्त होता है।


🌿 सावन 2025: जानें सावन कब से शुरू होगा, पहला सोमवार कब है और शिव भक्ति का महत्व :
11 जुलाई से 9 अगस्त 2025 तक चलने वाला सावन माह शिव भक्ति, व्रत, रुद्राभिषेक और आध्यात्मिक साधना का सर्वोत्तम समय है।
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